अयोध्या चढ़ावा चोरी पर अखिलेश यादव ने कसा तंज, बोले- 'क्या फिर से चले गए वनवास'
सपा प्रमुख द्वारा शनिवार को पोस्ट किए गए गीत के बोल हैं, 'क्यों तेरी नगरी है उदास, क्या फिर से चले गए वनवास। यही है प्रार्थना, फिर वापस आओ दशरथ के लाल।' वहीं दूसरे पोस्ट में उन्होंने आगे लिखा, चंदा-दान देने वाले सनातनी पूछ रहे हैं कि हर काम में आगे रहने वाले, इस गंभीर मसले पर खुद सामने क्यों नहीं आए, क्या इसमें भी साजिश की गई है कि ‘महापाप’ के दोष से खुद को बचा लो और दूसरे को फंसाकर सफाई दिलवा दो। ‘असली पापी’ याद रखें, ‘सत्य’ उनके पापों की सजा देने के लिए प्रतीक्षा कर रहा है। इन्हें न अयोध्या क्षमा करेगा, न देश, न वो परम प्रभु, जिसके खजाने को इन्होंने लूटा है।
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने अयोध्या के श्रीराम मंदिर में चढ़ावा चोरी प्रकरण को लेकर निशाना साधा है। सपा प्रमुख ने 4.39 मिनट का अयोध्या पर बना वीडियाे एक्स पर पोस्ट कर लिखा, 'क्या फिर से चले गए वनवास'। वहीं एक अन्य पोस्ट में उन्होंने लिखा, आखिरकार सुरंगजीवियों को बाहर आना ही पड़ा, क्योंकि अब अपयश का पानी सुरंग में गले तक भर गया है।
सपा प्रमुख द्वारा शनिवार को पोस्ट किए गए गीत के बोल हैं, 'क्यों तेरी नगरी है उदास, क्या फिर से चले गए वनवास। यही है प्रार्थना, फिर वापस आओ दशरथ के लाल।' वहीं दूसरे पोस्ट में उन्होंने आगे लिखा, चंदा-दान देने वाले सनातनी पूछ रहे हैं कि हर काम में आगे रहने वाले, इस गंभीर मसले पर खुद सामने क्यों नहीं आए, क्या इसमें भी साजिश की गई है कि ‘महापाप’ के दोष से खुद को बचा लो और दूसरे को फंसाकर सफाई दिलवा दो। ‘असली पापी’ याद रखें, ‘सत्य’ उनके पापों की सजा देने के लिए प्रतीक्षा कर रहा है। इन्हें न अयोध्या क्षमा करेगा, न देश, न वो परम प्रभु, जिसके खजाने को इन्होंने लूटा है।
वहीं पार्टी मुख्यालय पर मुंबई के में रहने वाले प्रवासी प्रदेशवासियों से मुलाकात में आरोप लगाया कि चढ़ावे में डकैती भाजपा-आरएसएस धर्म के नाम पर कर रही है। प्रदेश अध्यक्ष श्याम लाल पाल की मौजूदगी में राष्ट्रीय क्रांति पार्टी के प्रदेश अध्यक्ष लेखराज लोधी ने अपने समर्थकों के साथ सपा की सदस्यता ग्रहण की।
सपा ने अपने एक्स हैंडल पर पेपर लीक के मुद्दे पर पीडीए आडिट भाग तीन जारी किया। इसमें भाजपा सरकार पर भर्ती का अष्ट चरण माडल अपनाने का आरोप लगाया गया है, जिसमें पेपर धांधली भी शामिल है। 20 परीक्षाओं को उदाहरण के तौर दिया गया है। इसके साथ पार्टी की ओर से छात्रों को सात वचन भी दिए गए हैं।
इनमें पेपर लीक या परीक्षा रद होने से जिन छात्रों की उम्र सीमा निकल गई है, उन्हें न्यूनतम तीन वर्ष की अतिरिक्त उम्र छूट देने का वादा शामिल है। इसके अलावा समयबद्ध भर्ती कैलेंडर,नजदीकी परीक्षा केंद्र, सुरक्षित परीक्षा प्रणाली, दोषियों पर सीधी कार्रवाई, समयबद्ध जांच और फास्ट-ट्रैक सजा और मुफ्त पुनर्परीक्षा व यात्रा सहायता का भी वचन दिए गए हैं।