राम मंदिर में चढ़ावा चोरी का विवाद अब सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, समयबद्ध जांच कराए जाने की मांग

याचिका में कहा गया है कि उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा बनाई गई मौजूदा SIT ने बिना किसी FIR या नियमित आपराधिक मामले के ही जांच शुरू कर दी है। प्रशासनिक अधिकारियों वाली इस एसआईटी के पास जटिल वित्तीय और आपराधिक मामलों को संभालने की विशेष योग्यता नहीं हो सकती। याचिकाकर्ताओं का तर्क है कि इस मामले की जांच एक ऐसी स्वतंत्र एजेंसी से कराई जानी चाहिए जिसके पास जटिल वित्तीय घोटालों से निपटने के लिए आवश्यक विशेषज्ञता, संसाधन और संस्थागत तंत्र मौजूद हों, ताकि जनता का भरोसा कायम रहे।

Jun 23, 2026 - 10:42
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राम मंदिर में चढ़ावा चोरी का विवाद अब सुप्रीम कोर्ट पहुंचा, समयबद्ध जांच कराए जाने की मांग


उत्तर प्रदेश के अयोध्या के राम मंदिर में चढ़ावा चोरी का विवाद अब सुप्रीम कोर्ट में पहुंच गया है। इस पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराने के लिए सुप्रीम कोर्ट में एक जनहित याचिका दायर की गई है। याचिका में मांग की गई है कि राम जन्मभूमि ट्रस्ट से जुड़े वित्तीय अनियमितताओं और कथित भ्रष्टाचार के आरोपों की जांच के लिए केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) के नेतृत्व में एक विशेष जांच दल (SIT) का गठन किया जाए।

याचिकाकर्ताओं ने इस मामले में तुरंत एक FIR दर्ज कर कानूनी कार्रवाई शुरू करने का अनुरोध किया है। कोर्ट से यह अपील की गई है कि CBI-SIT को एक निश्चित समय सीमा के भीतर पूरी पारदर्शिता के साथ जांच करने के निर्देश दिए जाएं, ताकि यह साफ हो सके कि दान के फंड में कोई हेराफेरी, गबन या भ्रष्टाचार हुआ है या नहीं।

यह याचिका वकील अजय कुमार राय और दिनेश कुमार यादव द्वारा दायर की गई है। याचिकाकर्ताओं ने सुप्रीम कोर्ट से अपील की है कि वह केंद्र सरकार, उत्तर प्रदेश सरकार और ट्रस्ट को एक ऐसी मजबूत नियामक, पर्यवेक्षी और ऑडिट प्रणाली बनाने का निर्देश दे, जिससे जनता और लाखों श्रद्धालुओं का भरोसा बना रहे।

याचिका में कहा गया है कि उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा बनाई गई मौजूदा SIT ने बिना किसी FIR या नियमित आपराधिक मामले के ही जांच शुरू कर दी है। प्रशासनिक अधिकारियों वाली इस एसआईटी के पास जटिल वित्तीय और आपराधिक मामलों को संभालने की विशेष योग्यता नहीं हो सकती।


याचिकाकर्ताओं का तर्क है कि इस मामले की जांच एक ऐसी स्वतंत्र एजेंसी से कराई जानी चाहिए जिसके पास जटिल वित्तीय घोटालों से निपटने के लिए आवश्यक विशेषज्ञता, संसाधन और संस्थागत तंत्र मौजूद हों, ताकि जनता का भरोसा कायम रहे।


याचिका में कहा गया है, "श्री राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट से जुड़ी रकम गायब होने और दूसरी कथित अनियमितताओं की रिपोर्ट सच साबित हों या न हों, लेकिन ऐसी रिपोर्ट ने उन पीढ़ियों के बीच गहरी चिंता पैदा कर दी है, जिन्होंने अयोध्या की शान को फिर से बहाल करने के लिए संघर्ष किया था।"

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Mishra Shivani

Shivani Mishra Chief Desk Editor in NewsAsr.com and having vast experience in field of Journalism

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