हाई कोर्ट के रिटायर्ड जज राम औतार सिंह बने अध्यक्ष: यूपी पंचायत चुनाव के लिए योगी सरकार ने किया OBC आयोग गठित

आयोग के अध्यक्ष वहीं हैं जिन्हें वर्ष 2023 में नगरीय निकाय चुनाव के समय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग का अध्यक्ष बनाया गया था। बिजनौर के नजीबाबाद निवासी न्यायाधीश राम औतार ने प्रदेशभर में व्यापक सर्वे और आंकड़ों के अध्ययन के बाद अपनी रिपोर्ट दी थी, जिसके आधार पर नगर निकाय चुनावों में ओबीसी आरक्षण लागू किया गया था। अब पंचायत चुनावों में ओबीसी आरक्षण तय करने के लिए आयोग गठित कर उन्हें फिर से जिम्मेदारी दी गई है।

हाई कोर्ट के रिटायर्ड जज राम औतार सिंह बने अध्यक्ष: यूपी पंचायत चुनाव के लिए योगी सरकार ने किया OBC आयोग गठित

उत्तर प्रदेश सरकार ने त्रिस्तरीय पंचायत चुनावों में अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) का आरक्षण तय करने के लिए ''उत्तर प्रदेश राज्य स्थानीय ग्रामीण निकाय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग'' गठित कर दिया है। इलाहाबाद हाई कोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश राम औतार सिंह अध्यक्ष बनाए गए हैं।

पांच सदस्यीय आयोग में चार सदस्य भी नियुक्त किए गए हैं। आयोग का कार्यकाल पदभार ग्रहण करने की तिथि से छह माह तक रहेगा।

यह आयोग पंचायतों में ओबीसी आरक्षण की प्रकृति, प्रभाव और वर्तमान सामाजिक स्थिति का अध्ययन कर अपनी रिपोर्ट देगा, जिसके आधार पर पंचायत स्तर पर आरक्षण का निर्धारण किया जाएगा।

आयोग में सेवानिवृत्त अपर जिला न्यायाधीश बृजेश कुमार, सेवानिवृत्त अपर जिला न्यायाधीश संतोष कुमार विश्वकर्मा, सेवानिवृत्त आइएएस अधिकारी डॉ. अरविन्द कुमार चौरसिया और सेवानिवृत्त आइएएस अधिकारी एसपी सिंह सदस्य बनाए गए हैं।

आयोग के अध्यक्ष वहीं हैं जिन्हें वर्ष 2023 में नगरीय निकाय चुनाव के समय समर्पित पिछड़ा वर्ग आयोग का अध्यक्ष बनाया गया था। बिजनौर के नजीबाबाद निवासी न्यायाधीश राम औतार ने प्रदेशभर में व्यापक सर्वे और आंकड़ों के अध्ययन के बाद अपनी रिपोर्ट दी थी, जिसके आधार पर नगर निकाय चुनावों में ओबीसी आरक्षण लागू किया गया था। अब पंचायत चुनावों में ओबीसी आरक्षण तय करने के लिए आयोग गठित कर उन्हें फिर से जिम्मेदारी दी गई है।